गणतंत्र दिवस को नक्सलियों के काले झंडे के फरमान से पापी को पोद के बाल साफ करके चू ती या बनाना संभव नहीं है ... मोना जानेमन
जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में हुमायूं भट्ट की 2 साल की बेटी के तड़पने के शुभ अवसर पर भगवान पुत्र मुकेश बघेल ने प्रवचन दिए की दो माह की चूतनी किसी भी स्थिति में लड के लिए तड़प ही नहीं सकती है और अगर एक साल पहले शादी हुई हो तो 2 साल की पोद तो होना संभव ही नहीं है
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जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में हुमायूं भट्ट की 2 साल की बेटी के तड़पने के शुभ अवसर पर भगवान पुत्र मुकेश बघेल ने प्रवचन दिए की दो माह की चूतनी किसी भी स्थिति में लड के लिए तड़प ही नहीं सकती है और अगर एक साल पहले शादी हुई हो तो 2 साल की पोद तो होना संभव ही नहीं है क्योंकि इंडिया में ऐसी परंपरा है कि चड्डी प्रथा के कारण पिछले 100 साल से घर में सगी बहन सगी मां सगी बेटी सई कुत्तिया और सई गधी के रहने के बावजूद 600 किलोमीटर दूर बुढ़ापे में बारात लाई जाती है । वहीं भगवान जी के एक और पुत्र छोटू उर्फ रविंद्र ने कहा कि 3 साल पहले शादी 2 साल की बच्ची यानी 2 साल और कम से कम 10 महीने यानी 34 महीने पहले शादी और शादी के साथ ही बलात्कार धंधा तो हुमायूं भट्ट अगर शहीद नहीं होता तो उसके पहले प्रधानमंत्री जी ने कोरोना कल के दौरान संभोग के अपराध में उसे पहले ही फांसी की सजा क्यों नहीं दी ? जनवरी 2020 से 2021 अंत तक कोरोना था जिसमें संभोग पर सभी कुछ नॉर्मल रहते हुए भी प्रतिबंध लगा दिया गया था और इस प्रकार की कहानी बिना सिर की कहानी और कहानियों के उपरांत भारत पाकिस्तान युद्ध धंधा नया-नया शुरू करना और रूस यूक्रेन युद्ध को जारी रखना और सबसे बड़ी प्रॉब्लम स्कूल धंधा एयरपोर्ट धंधा फाइनेंस धंधा टावर धंधा डॉक्टर धंधा के साथ 21 से 27 सितंबर 2023 नक्सलियों का स्थापना सप्ताह माननीय जीजा श्री वीरेंद्र यादव को बिल्कुल भी पसंद नहीं है और भगवान G धरातल के सबसे चतुर इंसान जी बजरंग बघेल जी सरपंच पति जी को किसी भी स्थिति में 18 से 29 सितंबर 2023 तक उनके भक्त की दिल्ली आवास आवंटन यात्रा के दरमियान गणपति धंधा तो बिल्कुल भी पसंद नहीं है, भले ही भगवान गिरी के धंधे में उनकी खुद की पूजा उनका खुद का अपना भक्त भाटी करना परमानेंट बंद कर दे । इस कहानी से ऐसा भी प्रतीत हो रहा है कि चूत के लिए जो चड्डी बनी है वह भी कपड़े की है ब्रा भी कपड़े की बनती है पेटी भी कपड़े की है पेटीकोट भी कपड़े का है जो मुंह में मास्क आया था वह भी कपड़े का था और जिस तिरंगे में शहीद हुमायूं भट्ट का पार्थिव शरीर ग्रह ग्राम लाया गया वह भी कपड़े का था और कपड़े का आविष्कार 100 साल पहले हुआ है । इसके पहले डीजल इंजन नहीं होता था कंफर्म दहेज की टाटा सफारी नहीं होती थी कंफर्म और यह भी कंफर्म है कि 100 साल से पहले शादी धंधा भी नहीं होता था और ना ही टीवी बीवी बच्चे धंधा होता था और ना ही नर नाबालिग इंसान स्वादिष्ट नुन्नू स्कूल की तरफ करके सुगंधित मूत्र त्याग या कोचिंग धंधे की और स्वादिष्ट गांड करके स्वादिष्ट टट्टी करते थे और ना ही निठारी धंधे में शहीद होते थे और ना ही स्वादिष्ट टट्टी का स्वादिष्ट भजिया अटल कुंवारे या हरामखोर PM को स्कूल भरती धंधे में परोसा जाता था । धन्यवाद ।
जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में हुमायूं भट्ट की 2 साल की बेटी के तड़पने के शुभ अवसर पर भगवान पुत्र मुकेश बघेल ने प्रवचन दिए की दो माह की चूतनी किसी भी स्थिति में लड के लिए तड़प ही नहीं सकती है और अगर एक साल पहले शादी हुई हो तो 2 साल की पोद तो होना संभव ही नहीं है क्योंकि इंडिया में ऐसी परंपरा है कि चड्डी प्रथा के कारण पिछले 100 साल से घर में सगी बहन सगी मां सगी बेटी सई कुत्तिया और सई गधी के रहने के बावजूद 600 किलोमीटर दूर बुढ़ापे में बारात लाई जाती है । वहीं भगवान जी के एक और पुत्र छोटू उर्फ रविंद्र ने कहा कि 3 साल पहले शादी 2 साल की बच्ची यानी 2 साल और कम से कम 10 महीने यानी 34 महीने पहले शादी और शादी के साथ ही बलात्कार धंधा तो हुमायूं भट्ट अगर शहीद नहीं होता तो उसके पहले प्रधानमंत्री जी ने कोरोना कल के दौरान संभोग के अपराध में उसे पहले ही फांसी की सजा क्यों नहीं दी ? जनवरी 2020 से 2021 अंत तक कोरोना था जिसमें संभोग पर सभी कुछ नॉर्मल रहते हुए भी प्रतिबंध लगा दिया गया था और इस प्रकार की कहानी बिना सिर की कहानी और कहानियों के उपरांत भारत पाकिस्तान युद्ध धंधा नया-नया शुरू करना और रूस यूक्रेन युद्ध को जारी रखना और सबसे बड़ी प्रॉब्लम स्कूल धंधा एयरपोर्ट धंधा फाइनेंस धंधा टावर धंधा डॉक्टर धंधा के साथ 21 से 27 सितंबर 2023 नक्सलियों का स्थापना सप्ताह माननीय जीजा श्री वीरेंद्र यादव को बिल्कुल भी पसंद नहीं है और भगवान G धरातल के सबसे चतुर इंसान जी बजरंग बघेल जी सरपंच पति जी को किसी भी स्थिति में 18 से 29 सितंबर 2023 तक उनके भक्त की दिल्ली आवास आवंटन यात्रा के दरमियान गणपति धंधा तो बिल्कुल भी पसंद नहीं है, भले ही भगवान गिरी के धंधे में उनकी खुद की पूजा उनका खुद का अपना भक्त भाटी करना परमानेंट बंद कर दे । इस कहानी से ऐसा भी प्रतीत हो रहा है कि चूत के लिए जो चड्डी बनी है वह भी कपड़े की है ब्रा भी कपड़े की बनती है पेटी भी कपड़े की है पेटीकोट भी कपड़े का है जो मुंह में मास्क आया था वह भी कपड़े का था और जिस तिरंगे में शहीद हुमायूं भट्ट का पार्थिव शरीर ग्रह ग्राम लाया गया वह भी कपड़े का था और कपड़े का आविष्कार 100 साल पहले हुआ है । इसके पहले डीजल इंजन नहीं होता था कंफर्म दहेज की टाटा सफारी नहीं होती थी कंफर्म और यह भी कंफर्म है कि 100 साल से पहले शादी धंधा भी नहीं होता था और ना ही टीवी बीवी बच्चे धंधा होता था और ना ही नर नाबालिग इंसान स्वादिष्ट नुन्नू स्कूल की तरफ करके सुगंधित मूत्र त्याग या कोचिंग धंधे की और स्वादिष्ट गांड करके स्वादिष्ट टट्टी करते थे और ना ही निठारी धंधे में शहीद होते थे और ना ही स्वादिष्ट टट्टी का स्वादिष्ट भजिया अटल कुंवारे या हरामखोर PM को स्कूल भरती धंधे में परोसा जाता था । धन्यवाद ।
जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में हुमायूं भट्ट की 2 साल की बेटी के तड़पने के शुभ अवसर पर भगवान पुत्र मुकेश बघेल ने प्रवचन दिए की दो माह की चूतनी किसी भी स्थिति में लड के लिए तड़प ही नहीं सकती है और अगर एक साल पहले शादी हुई हो तो 2 साल की पोद तो होना संभव ही नहीं है क्योंकि इंडिया में ऐसी परंपरा है कि चड्डी प्रथा के कारण पिछले 100 साल से घर में सगी बहन सगी मां सगी बेटी सई कुत्तिया और सई गधी के रहने के बावजूद 600 किलोमीटर दूर बुढ़ापे में बारात लाई जाती है । वहीं भगवान जी के एक और पुत्र छोटू उर्फ रविंद्र ने कहा कि 3 साल पहले शादी 2 साल की बच्ची यानी 2 साल और कम से कम 10 महीने यानी 34 महीने पहले शादी और शादी के साथ ही बलात्कार धंधा तो हुमायूं भट्ट अगर शहीद नहीं होता तो उसके पहले प्रधानमंत्री जी ने कोरोना कल के दौरान संभोग के अपराध में उसे पहले ही फांसी की सजा क्यों नहीं दी ? जनवरी 2020 से 2021 अंत तक कोरोना था जिसमें संभोग पर सभी कुछ नॉर्मल रहते हुए भी प्रतिबंध लगा दिया गया था और इस प्रकार की कहानी बिना सिर की कहानी और कहानियों के उपरांत भारत पाकिस्तान युद्ध धंधा नया-नया शुरू करना और रूस यूक्रेन युद्ध को जारी रखना और सबसे बड़ी प्रॉब्लम स्कूल धंधा एयरपोर्ट धंधा फाइनेंस धंधा टावर धंधा डॉक्टर धंधा के साथ 21 से 27 सितंबर 2023 नक्सलियों का स्थापना सप्ताह माननीय जीजा श्री वीरेंद्र यादव को बिल्कुल भी पसंद नहीं है और भगवान G धरातल के सबसे चतुर इंसान जी बजरंग बघेल जी सरपंच पति जी को किसी भी स्थिति में 18 से 29 सितंबर 2023 तक उनके भक्त की दिल्ली आवास आवंटन यात्रा के दरमियान गणपति धंधा तो बिल्कुल भी पसंद नहीं है, भले ही भगवान गिरी के धंधे में उनकी खुद की पूजा उनका खुद का अपना भक्त भाटी करना परमानेंट बंद कर दे । इस कहानी से ऐसा भी प्रतीत हो रहा है कि चूत के लिए जो चड्डी बनी है वह भी कपड़े की है ब्रा भी कपड़े की बनती है पेटी भी कपड़े की है पेटीकोट भी कपड़े का है जो मुंह में मास्क आया था वह भी कपड़े का था और जिस तिरंगे में शहीद हुमायूं भट्ट का पार्थिव शरीर ग्रह ग्राम लाया गया वह भी कपड़े का था और कपड़े का आविष्कार 100 साल पहले हुआ है । इसके पहले डीजल इंजन नहीं होता था कंफर्म दहेज की टाटा सफारी नहीं होती थी कंफर्म और यह भी कंफर्म है कि 100 साल से पहले शादी धंधा भी नहीं होता था और ना ही टीवी बीवी बच्चे धंधा होता था और ना ही नर नाबालिग इंसान
जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में हुमायूं भट्ट की 2 साल की बेटी के तड़पने के शुभ अवसर पर भगवान पुत्र मुकेश बघेल ने प्रवचन दिए की दो माह की चूतनी किसी भी स्थिति में लड के लिए तड़प ही नहीं सकती है और अगर एक साल पहले शादी हुई हो तो 2 साल की पोद तो होना संभव ही नहीं है क्योंकि इंडिया में ऐसी परंपरा है कि चड्डी प्रथा के कारण पिछले 100 साल से घर में सगी बहन सगी मां सगी बेटी सई कुत्तिया और सई गधी के रहने के बावजूद 600 किलोमीटर दूर बुढ़ापे में बारात लाई जाती है । वहीं भगवान जी के एक और पुत्र छोटू उर्फ रविंद्र ने कहा कि 3 साल पहले शादी 2 साल की बच्ची यानी 2 साल और कम से कम 10 महीने यानी 34 महीने पहले शादी और शादी के साथ ही बलात्कार धंधा तो हुमायूं भट्ट अगर शहीद नहीं होता तो उसके पहले प्रधानमंत्री जी ने कोरोना कल के दौरान संभोग के अपराध में उसे पहले ही फांसी की सजा क्यों नहीं दी ? जनवरी 2020 से 2021 अंत तक कोरोना था जिसमें संभोग पर सभी कुछ नॉर्मल रहते हुए भी प्रतिबंध लगा दिया गया था और इस प्रकार की कहानी बिना सिर की कहानी और कहानियों के उपरांत भारत पाकिस्तान युद्ध धंधा नया-नया शुरू करना और रूस यूक्रेन युद्ध को जारी रखना और सबसे बड़ी प्रॉब्लम स्कूल धंधा एयरपोर्ट धंधा फाइनेंस धंधा टावर धंधा डॉक्टर धंधा के साथ 21 से 27 सितंबर 2023 नक्सलियों का स्थापना सप्ताह माननीय जीजा श्री वीरेंद्र यादव को बिल्कुल भी पसंद नहीं है और भगवान G धरातल के सबसे चतुर इंसान जी बजरंग बघेल जी सरपंच पति जी को किसी भी स्थिति में 18 से 29 सितंबर 2023 तक उनके भक्त की दिल्ली आवास आवंटन यात्रा के दरमियान गणपति धंधा तो बिल्कुल भी पसंद नहीं है, भले ही भगवान गिरी के धंधे में उनकी खुद की पूजा उनका खुद का अपना भक्त भाटी करना परमानेंट बंद कर दे । इस कहानी से ऐसा भी प्रतीत हो रहा है कि चूत के लिए जो चड्डी बनी है वह भी कपड़े की है ब्रा भी कपड़े की बनती है पेटी भी कपड़े की है पेटीकोट भी कपड़े का है जो मुंह में मास्क आया था वह भी कपड़े का था और जिस तिरंगे में शहीद हुमायूं भट्ट का पार्थिव शरीर ग्रह ग्राम लाया गया वह भी कपड़े का था और कपड़े का आविष्कार 100 साल पहले हुआ है । इसके पहले डीजल इंजन नहीं होता था कंफर्म दहेज की टाटा सफारी नहीं होती थी कंफर्म और यह भी कंफर्म है कि 100 साल से पहले शादी धंधा भी नहीं होता था और ना ही टीवी बीवी बच्चे धंधा होता था और ना ही नर नाबालिग इंसान स्वादिष्ट नुन्नू स्कूल की तरफ करके सुगंधित मूत्र त्याग या कोचिंग धंधे की और स्वादिष्ट गांड करके स्वादिष्ट टट्टी करते थे और ना ही निठारी धंधे में शहीद होते थे और ना ही स्वादिष्ट टट्टी का स्वादिष्ट भजिया अटल कुंवारे या हरामखोर PM को स्कूल भरती धंधे में परोसा जाता था । धन्यवाद ।
पुत्री थोड़ा बहुत पोद को दुर्गा धनधी में 30 लुगाइयों के मरने को पादने के लिए भी बचा ✓✓ पुत्री थोड़ा बहुत पोद को दुर्गा धनधी में 30 लुगाइयों के मरने को पादने के लिए भी बचा ✓✓
Prabhat Khabar विष्णु ट्रेलर की गिरफ्तारी के विरोध में एक फरवरी को नक्सली बंद, आदिवासी संघ ने किया ऐलान नक्सली Bandh| Arrest|नक्सली मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के कार्यकारी अध्यक्ष और नक्सली के पूर्व ट्रेलर की... .36 मिनट पहले - बात बहुत ही ज्यादा पुरानी है । बुधवार 31 जनवरी 2024 मकर संक्रांति का दिन थाऔर रात को 11 बज रहे थे । पत्रकारों ने तय किया कि बिहार में नीतीश कुमार की गांड के पीछे पड़ने के बजाय दो दिन झारखंड का सत्यानाश करेंगेऔर अचानक ही तय हुआ किआज यानी गुरुवार 1 फरवरी 2024 को झारखंड बंद का ऐलान रात को 12 बजे बुधवार और गुरुवार को करेंगे। एक आधी घंटे या 24 से 48मिनिट के पहले इस प्रकार के अचानक बंद कर देने से इंडिया तो बंद नहीं होगी किंतु सुकमा बीजापुर और साबरमती में तीन-तीन जवानों कुल नौजवानों की हत्या की झूठी खबर में ना तो 26 जनवरी धंधा था और ना ही भूमकाल दिवस सप्ताह 3 से X और X से 16 फरवरी धंधा था ना भुम काल दिवस धंधा X फरवरी 2024 था और इसके बावजूद भी नक्सली हिंसा की पब्लिसिटी में विष्णु देव साईं को शामिल कर लेने और राष्ट्रपति महोदया द्वारा तीन X 3 = X जवानों की हत्या...
इंडिया की समस्त पु त्रीयो को 9 नक्सलियों के शहीद होने की खुशी में भारत के विकास के उपलक्षय में सूचित किया जाता है कि श्रीमती कमलोचन को श्रीमती विवेकानंद बताना और श्रीमती नीरज माधवन के पोद वीडियो प्रस्तुत करके 17 सितंबर 2024 को डॉक्टरनी से बलात्कार के विरोध में इंडिया बंद करना राज्यद्रोह है । धन्यवाद
जम्मू कश्मीर के अनंतनाग में हुमायूं भट्ट की 2 साल की बेटी के तड़पने के शुभ अवसर पर भगवान पुत्र मुकेश बघेल ने प्रवचन दिए की दो माह की चूतनी किसी भी स्थिति में लड के लिए तड़प ही नहीं सकती है और अगर एक साल पहले शादी हुई हो तो 2 साल की पोद तो होना संभव ही नहीं है क्योंकि इंडिया में ऐसी परंपरा है कि चड्डी प्रथा के कारण पिछले 100 साल से घर में सगी बहन सगी मां सगी बेटी सई कुत्तिया और सई गधी के रहने के बावजूद 600 किलोमीटर दूर बुढ़ापे में बारात लाई जाती है । वहीं भगवान जी के एक और पुत्र छोटू उर्फ रविंद्र ने कहा कि 3 साल पहले शादी 2 साल की बच्ची यानी 2 साल और कम से कम 10 महीने यानी 34 महीने पहले शादी और शादी के साथ ही बलात्कार धंधा तो हुमायूं भट्ट अगर शहीद नहीं होता तो उसके पहले प्रधानमंत्री जी ने कोरोना कल के दौरान संभोग के अपराध में उसे पहले ही फांसी की सजा क्यों नहीं दी ? जनवरी 2020 से 2021 अंत तक कोरोना था जिसमें संभोग पर सभी कुछ नॉर्मल रहते हुए भी प्रतिबंध लगा दिया गया था और इस प्रकार की कहानी बिना सिर की कहानी और कहानियों के उपरांत भारत पाकिस्तान युद्ध धंधा नया-नया शुरू करना और रूस यूक्रेन युद्ध को जारी रखना और सबसे बड़ी प्रॉब्लम स्कूल धंधा एयरपोर्ट धंधा फाइनेंस धंधा टावर धंधा डॉक्टर धंधा के साथ 21 से 27 सितंबर 2023 नक्सलियों का स्थापना सप्ताह माननीय जीजा श्री वीरेंद्र यादव को बिल्कुल भी पसंद नहीं है और भगवान G धरातल के सबसे चतुर इंसान जी बजरंग बघेल जी सरपंच पति जी को किसी भी स्थिति में 18 से 29 सितंबर 2023 तक उनके भक्त की दिल्ली आवास आवंटन यात्रा के दरमियान गणपति धंधा तो बिल्कुल भी पसंद नहीं है, भले ही भगवान गिरी के धंधे में उनकी खुद की पूजा उनका खुद का अपना भक्त भाटी करना परमानेंट बंद कर दे । इस कहानी से ऐसा भी प्रतीत हो रहा है कि चूत के लिए जो चड्डी बनी है वह भी कपड़े की है ब्रा भी कपड़े की बनती है पेटी भी कपड़े की है पेटीकोट भी कपड़े का है जो मुंह में मास्क आया था वह भी कपड़े का था और जिस तिरंगे में शहीद हुमायूं भट्ट का पार्थिव शरीर ग्रह ग्राम लाया गया वह भी कपड़े का था और कपड़े का आविष्कार 100 साल पहले हुआ है । इसके पहले डीजल इंजन नहीं होता था कंफर्म दहेज की टाटा सफारी नहीं होती थी कंफर्म और यह भी कंफर्म है कि 100 साल से पहले शादी धंधा भी नहीं होता था और ना ही टीवी बीवी बच्चे धंधा होता था और ना ही नर नाबालिग इंसान स्वादिष्ट नुन्नू स्कूल की तरफ करके सुगंधित मूत्र त्याग या कोचिंग धंधे की और स्वादिष्ट गांड करके स्वादिष्ट टट्टी करते थे और ना ही निठारी धंधे में शहीद होते थे और ना ही स्वादिष्ट टट्टी का स्वादिष्ट भजिया अटल कुंवारे या हरामखोर PM को स्कूल भरती धंधे में परोसा जाता था । धन्यवाद ।
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